मुख्यमंत्री धामी के चंपावत और खटीमा दौरे में अच्छी-खासी भीड़ उमड़ी।चंपावत एवं खटीमा का दौर अहम रहा। मुख्यमंत्री ने मां पूर्णागिरी धाम मेले का उद्घाटन किया। मंदिर क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों को विस्तार से जनता के सामने रखा। पार्किंग, पेयजल और भीड़ प्रबंधन की व्यवस्था को आधुनिक बनाने एवं श्रद्धालुओं की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने को लेकर दिशा निर्देश भी दिए।मुख्यमंत्री काली कुमाऊं होली रंग महोत्सव का हिस्सा बने। जनता से उन्होंने आत्मीय संवाद किया। कार्यक्रम में उमड़ रही भीड़ से मुख्यमंत्री खासे उत्साहित दिखे। यह अलग बात है कि सौम्य धामी अब कांग्रेस को लेकर हमलावर हैं।सनातन संस्कृति और आस्था केंद्रों के संरक्षण और विकास की सरकार की योजनाओं को लेकर कांग्रेस के रवैये के पीछे विपक्षी पार्टी की तुष्टीकरण की नीति को वह लगातार निशाने पर ले रहे हैं। खटीमा उनका गृह क्षेत्र है। यहां पहुंचते ही मुख्यमंत्री का क्षेत्रवासियों के साथ आत्मीय भाव काफी कुछ कह जाता है। खास बात यह है कि तमाम व्यस्तता के बावजूद मुख्यमंत्री खटीमा स्थित अपने नगला तराई स्थित निजी आवास पहुंचकर क्षेत्रीय जनता के साथ जुड़ाव का मौका हाथ से जाने नहीं देते।

