हाईकोर्ट के आदेश के बाद नगर निकायों में बसी मलिन बस्तियां अतिक्रमण हटाओ अभियान की जद में आ गईं थीं। इसके लिए राज्य सरकार पहला अध्यादेश 2018 में लाई थी, जिससे बस्तीवासियों को तीन साल की राहत मिल गई थी। 2021 में सरकार फिर अध्यादेश लाई, जिसकी अवधि इस साल अक्तूबर में खत्म हो गई थी।अब सरकार तीसरी बार अध्यादेश लाई है, जिसकी अवधि 2027 तक होगी। मंगलवार को राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) ने अध्यादेश को मंजूरी दे दी। इसके साथ ही 582 बस्तियों के 12 लाख से अधिक लोगों को बड़ी राहत मिल गई है।

