हल्द्वानी के बनभूलपुरा में अतिक्रमण तोड़ने गई टीम पर घरों की छतों से पथराव किया गया जिसके बाद पुलिस ने पत्थरबाजों को पकड़ने के लिए उन घरों का रुख किया जहां से पत्थर फेंके जा रहे थे। नगर निगम कर्मचारियों की मदद से उन घरों के दरवाजों को घन से तोड़ा गया और पुलिसकर्मी घरों में घुसे। जिसके बाद पत्थरबाजों को पकड़कर पुलिस ले जाने लगी, लेकिन उपद्रवी उन्हें भी छुड़ा ले गए।उपद्रव के दौरान 70 से अधिक वाहनों को जला दिया गया, जबकि कई वाहनों में तोड़फोड़ की गई। इस दौरान बनभूलपुरा थाने में आग से कई साल पुराने रिकॉर्ड भी जलकर खाक हो गए हैं।जिलाधिकारी वंदना का कहना है हमारी तैयारी पूरी थी, कोई कमी नहीं थी पर जिस तरह से टीम पर हमला हुआ है उससे लगता है कि यह सुनियोजित और योजनाबद्ध हमला किया गया है, जिसकी तैयारी पहले से थी। पेट्रोल बम, पथराव करने से लेकर गोली चलाई गई। इसकी उम्मीद नहीं थी। लगता है कि ऐसी किसी एक्शन पर रिएक्शन कैसे किया जाएगा, उसकी तैयारी पहले से कर ली गई थी। जब शार्ट नोटिस पर पर ऐसी घटना हुई और प्लानिंग थी, अगर अधिक समय दिया जाता तो संभव है कि हालात ज्यादा खराब होते, उसका अंदाजा लगाना संभव नहीं है। यह रणनीति का हिस्सा था कि तैयारी के लिए कम से कम समय दिया जाए, क्योंकि उग्र प्रतिक्रिया की आशंका थी, इसलिए शार्ट नोटिस दिया गया। इससे नुकसान को रोका जा सका। उनकी जानकारी के हिसाब से वर्तमान में केवल बनभूलपूरा क्षेत्र प्रभावित होने की बात है।

