12 घंटे हुई मूसलधार वर्षा से मसूरी में अनेक स्थानों पर भूस्खलन हुआ। जिसका आम जनजीवन पर असर पड़ा है। मालरोड पर पद्मिनी निवास के समीप पहाड़ी से भारी बोल्डर बिजली का फीडर तोड़ते हुए मालरोड पर आ गया, जिससे मालरोड के कई भागों की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई।इसी के पास मालरोड के नीचे स्टेला काटेज जाने वाले संपर्क मार्ग का पुस्ता ढहने से स्थानीय लोगों को लंबी दूरी तय कर अपने घरों को जाना पड़ रहा है। हैप्पीवैली में भी बिजली के तारों पर पेड़ गिर गया, जिससे क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति बाधित हो गई।उधर, रातभर हुई वर्षा से मसूरी-चकराता हाईवे पर कैंपटी से चार किमी आगे सैंजी ढंगार में चट्टान टूटकर सड़क पर आ गिरी। भटोली गांव से तीन किमी आगे जीवन आश्रम के पास पहाड़ी से बोल्डर एवं मलबा सड़क पर आने पर तथा डिम्टा बैंड के पास भी मलबा सड़क पर आने से यातायात सात घंटे बाधित रहा। दिल्ली-यमुनोत्री हाईवे पर मसूरी बैंड के पास बने पुल पर मलबा आने से यातायात बंद हो गया था।

