प्रांतीय रक्षक दल के स्थापना दिवस का मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुभारंभ किया। उन्होंने परेड की सलामी ली। आज की परेड में 8 दस्ते शामिल है। इस दौरान सीएम धामी ने पीआरडी जवानों का हौसला बढ़ाया।पीआरडी जवानों को स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि आपदा जैसी मुश्किल घड़ी में जवान डट कर सामना करते है। कहा इस हौसले की वजह से हम मिलकर मुश्किल हालात का सामना कर पाते हैं। वहीं समारोह में मौजूद मंत्री रेखा आर्य ने कहा कि सीएम पीआरडी जवानों का मार्गदर्शन करते आए। उनका सहयोग हमें सदैव मिलता रहा है।प्रांतीय रक्षक दल के स्थापना दिवस कार्यक्रम में पीआरडी जवानों ने लंबित मांगों को लेकर नारेबाजी की। कर्मियों का कहना था, उनके लिए साल में तीन सौ दिन काम की घोषणा हुई थी, पर काम नहीं मिला। कल्याण कोष के नाम पर भी हर महीने उनके मानदेय से 570 रुपये काटे जा रहे हैं।कुछ पीआरडी जवानों का आरोप है कि विभाग के अफसर कुत्ता घुमाने के साथ ही घर के बर्तन धुलवा रहे हैं। होमगार्ड को जो मानदेय व सुविधाएं दी जा रहीं, उसी तर्ज पर उन्हें भी मानदेय और सुविधाएं दी जाएं। युवा कल्याण विभाग के निदेशक जितेंद्र सोनकर ने कहा, पीआरडी जवानों का इस तरह का आरोप निराधार है। ऐसे जवानों के खिलाफ कार्रवाई होगी, उन्हें अपनी मांग को उचित फोरम पर रखना चाहिए था।कुछ पीआरडी जवानों के हंगामे के दौरान विशेष प्रमुख सचिव अमित सिन्हा ने जवानों के बीच जाकर उन्हें समझाने का प्रयास किया। कहा, उन्हें मांग पर अमल के लिए समय दिया जाए। यदि वे समय दें तो कुछ न कुछ हल निकाला जाएगा।

