दिल्ली से देहरादून का सफर ढाई घंटे में पूरा करने की घड़ी करीब आ गई है। बताया जा रहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी चार अप्रैल को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे को चार अप्रैल को जनता को समर्पित कर सकते हैं। इस पूरे ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का सबसे अहम और रोमांचक भाग है गणेशपुर से डाटकाली तक बनी 12 किमी लंबी एलिवेटेड रोड। जिसे एशिया का सबसे लंबा ग्रीन कारिडोर भी कहा जा रहा है।एलिवेटेड रोड उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले के गणेशपुर से शुरू हो रही है। जो पिलर पर 12 किलोमीटर लंबी है और उत्तराखंड के देहरादून में डाटकाली क्षेत्र पर जुड़ रही है। सहारनपुर से आने के लिए डाटकाली पर नई टनल बनाई गई है, जबकि आते समय पहले से टनल बनी है। इसके बाद आरटीओ चेकपोस्ट तक फ्लाईओवर बनाया गया है। इसके बाद आगे का सफर देहरादून-हरिद्वार राजमार्ग से तय किया जा रहा है।एलिवेटेड रोड के निर्धारित स्थलों पर 16 स्पीड डिटेक्शन कैमरे लगाए गए हैं। जो वाहनों की रफ्तार का परीक्षण करेंगे और ओवरस्पीड की दशा कंट्रोल रूम में तुरंत सूचना भेज देंगे। यह कैमरे मीटर व्हीकल एक्ट के लिहाज से परिवहन विभाग के भी सीधे नियंत्रण में होंगे और स्वतः ही चालानी कार्रवाई करेंगे। इसके अलावा 12 मोबाइल टावर भी इंस्टाल किए जा चुके हैं। पुराने राजमार्ग पर मोहंड क्षेत्र में नेटवर्क गायब हो जाते थे। नए राजमार्ग पर यह समस्या दूर की जा चुकी है।

